सिविल प्रशासन की सहायता

कोविड सहायता :- पश्चिम कमान सदैव से सक्रिय रही है और न केवल अपने संगठन के भीतर, अपितु विभिन्न राज्यों में नागरिक प्रशासन के आव्हान पर वास्तविक समय में सहायता प्रदान करने में सबसे आगे है और इस प्रकार पटियाला, फरीदाबाद और चण्डीगढ़ के विभिन्न स्थानों पर समय पर राहत प्रदान कर रही हैं।

पश्चिम कमान ने अटल बिहारी वाजपेयी अस्पताल, फरीदाबाद और राजिन्द्र सरकारी अस्पताल, पटियाला के अलावा पँजाब विश्वविद्यालय के अंर्तराष्ट्रीय छात्रावासों में यू टी प्रशासन के समन्वय से 100 बिस्तरों वाले कोविड अस्पताल का संचालन किया था। इन अस्पतालों में कोविड -19 से पीड़ित हल्के से मध्यम/बिना लक्षण वाले रोगियों को आवास प्रदान करने और उनका इलाज करने की  क्षमता थी। पश्चिम कमान ने भी अपने डॉक्टरों, नर्सिंग अधिकारियों तथा पैरामैडिक्स को आई सी एम आर के दिशा-निर्देशो के अनुसार तैनात किया, एम्बयुलेंस की सेवा प्रदान की और अस्पताल के प्रबंधन हेतु प्रशिक्षित कर्मियों को तैनात किया। 

सरकारी राजेन्द्र अस्पताल, पटियाला में चिकिक्सा सहायता(मेडिकल सहायता) प्रदान करते हुए

 

सरदार वल्लभ भाई पटेल अस्पताल में 14 डॉक्टर एवं 38 प्रशिक्षित सेना पैरामैडिक्स का योगदान

 

पंजाब विश्वविद्यालय, चण्डीगढ़ में 100 बिस्तरों का कोविड अस्पताल

 

श्री अटल बिहारी बाजपेयी सरकारी चिकित्सा कॉलेज (गर्वनमेंट मेडिकल कॉलेज), फरीदाबाद
में 100 बिस्तरों  (ऑक्सिजन सुविधा- युक्त) वाला सेट अप

 

जनरल अस्पताल, फिरोजपुर में चिकित्सा उपकरणों (मेडिकल इक्युपमेंट) के लिए इंजीनियरिंग की व्यवस्था

 

मेरठ में बंद पडे ऑक्सिजन प्लांट का पुनः संचालन 

बिजली विभाग, चंडीगढ़ (यू.टी) द्वारा हडतालः   बिजली कर्मियों की चल रही हड़ताल के दौरान चंडीमंदिर में बिजली आपूर्ती बहाल करने के लिए जिला मजिस्ट्रेट, चंडीमंदिर द्वारा इलैक्ट्रिकल इंजीनियरिंग टीमों के लिए अनुरोध के जवाब में पश्चिम कमान ने पूरी सक्रियात्मकता के साथ जवाब देते हुऐ अपने एम ई एस कर्मचारियों और खरगा सैपर्स टीम को तैनात किया। 66 के वी ए पॉवर स्टेशन को चालू करने के लिये टीम ने सर्किट ब्रेकर और स्विचिंग स्टेशनों की बैटरी चार्ज करने के लिए रात भर अथक परिश्रम किया, जिससे 24 घंटे के भीतर बिजली बहाल हो गई। 

बिजली कर्मीयों के हड़ताल के दौरान, चंडीमंदिर के कई हिस्सों में बिजली आपूर्ती (पॉवर सप्लाई ) बहाल करते हुए

ऑपरेशन सद्भावना

ऑपरेशन सद्भावना भारतीय सेना द्वारा शुरू की गई एक अनूठी मानवीय पहल है जो आतंकवाद से प्रभावित लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करने का प्रयास है। पश्चिम कमान के ऑपरेशन सद्भावना का मुख्य उद्देश्य दूरस्थ /सीमावर्ती क्षेत्रों/पश्चिम कमान के अधिकार-क्षेत्र के तहत गावों के सामूदायिक/बुनियादी ढाँचे के विकास संबंधी परियोजनाओं के कार्यान्वयन के माध्यम से क्षमता निर्माण पर अहमियत रखते हुए शिक्षा, नारी एवं युवा सशक्तिकरण एवं स्वास्थ्य सुविधाओं जैसे मूलभूत सामाजिक मुद्दों के ग्राफ में सुधार लाना है। 
वित्त वर्ष 2020-21 तथा वित्त वर्ष 2021-22 के लिए ऑपरेशन सद्भावना फंड का श्रेणीवार व्यय निम्नानुसार हैः

 

कोविड जागरुकता एवं चिकित्सा शिविर का आयोजन

 

बैंक के नियुक्ति -पत्र एवं वेटेरन्स को व्हील चेयर का वितरण

 

जम्मू-कश्मीर (यू.टी) के सीमावर्ती गाँवों के लिए वॉलीबॉल टूर्नामेंट का आयोजन

 

जम्मू-कश्मीर (यू.टी) के सीमावर्ती इलाकों के बच्चों के लिए दिल्ली एवं आगरा की यात्रा का आयोजन

 

बकरवाल समुदाय के लिए चिकित्सा एवं पशु चिकित्सा शिविर का आयोजन

 

आर आई एम सी, सैनिक स्कूलों तथा मिलिटरी स्कूलों में दाखिले हेतु सीमावर्ती गाँवो के अभ्यार्थियों के लिए कोचिंग कैप्स्यूल का आयोजन

 

बकरवाल समुदाय को मुफ्त दवाईयों का वितरण

 

विकलांगों(दिव्यांगों) को कृत्रिम अँगों और उपकरणों का वितरण

 

बकरवाल समुदाय के बच्चों को स्टेशनरी की वस्तुओं एवं वर्दी का वितरण

 

कोविड संबंधी चिकित्सा उपकरण उपलब्ध कराने हेतु चिकित्सा शिविर का आयोजन

 

प्राइमरी हेल्थ केयर केंद्रों को ऑक्सिजन सिलैंडरों तथा चिकित्सा उपकरणों का वितरण